सातवां पोषण पखवाड़ा अभियान प्रारंभ, 8 से 22 अप्रैल तक
भोपाल: प्रदेश में व्यक्तिगत और सामुदायिक स्तर पर व्यवहार परिवर्तन के माध्यम से कुपोषण को कम करने के लिए पोषण अभियान चलाया जा रहा है। प्रत्येक वर्ष पोषण अभियान के तहत पोषण को जन आंदोलन का स्वरूप देने के उद्देश्य से पोषण पखवाड़ा मनाया जाता है। इस पर सातवां पोषण पखवाड़ा 8 से 22 अप्रैल तक मनाया जाएगा। केंद्रीय महिला बाल विकास मंत्रालय द्वारा 'जीवन के प्रथम 1000 दिवस' पोषण ट्रैकर में लाभार्थी मॉड्यूल को लोकप्रिय बनाने व्यापक प्रचार-प्रसार, समुदाय आधारित पोषण प्रबंधन मॉड्यूल के माध्यम से कुपोषण का प्रबंध तथा बच्चों में मोटापे को दूर करने के लिए स्वस्थ जीवन शैली को अपने पर बाल जैसे थीम पर केंद्रित विभिन्न गतिविधियों को आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं।
पोषण पखवाड़ा के दौरान आंगनबाड़ी केंद्र सेक्टर, परियोजना एवं जिला स्तर की गतिविधियों में स्थानीय पोषण संसाधनों की को बढ़ावा देने के लिए प्रशिक्षण, सामुदायिक जागरूकता और पोषण संवेदनशील कार्यक्रम जैसे आयोजन किए जाएंगे। आंगनबाड़ी केंद्रों में दैनिक गतिविधियों की तिथिवार थीम आधारित कैलेंडर तैयार किया गया है। सभी जिलों में पखवाड़ा के दौरान साइकिल रैली, पोषण रैली, प्रभात फेरी, गर्भवती महिलाओं और धात्री माता एवं किशोरी बालिकाओं के साथ पोषण ट्रैकर में हितग्राही मॉडल पर समूह चर्चा, कुपोषित बच्चों की स्वास्थ्य जांच, एनीमिया जागरूकता शिविर का आयोजन किया जाएगा।
पोषण पखवाड़ा के दौरान लोक स्वस्थ एवं परिवार कल्याण, आयुष, शिक्षा, पंचायत एवं ग्रामीण, शहरी विकास सहयोग से विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
आयुक्त महिला बाल विकास श्रीमती सूफिया फारूकी वली ने सभी जिला कलेक्टरों को निर्देशित किया है कि पोषण पखवाड़ा के दौरान जिले में प्रत्येक स्तर पर इसका प्रचार-प्रसार किया जाए। उन्होंने कहा कि 8 अप्रैल को पोषण पखवाड़ा का शुभारंभ स्थानीय प्रतिनिधियों की उपस्थिति में किया जाये। और कार्यक्रम में उपस्थित सभी जन सामान्य को पोषण शपथ भी दिलाई जाए। श्रीमती फारूकी ने बताया कि आंगनबाड़ी केंद्र सहित प्रत्येक स्तर से प्रतिदिन दिवस आयोजित गतिविधियों के आधार पर अधिकतम पांच गतिविधियों का संक्षिप्त विवरण, फोटोग्राफ एवं हितग्राहियों की श्रेणीवार संख्या भारत सरकार के पोर्टल https://poshanabhiyaan.gov.in के डैशबोर्ड पर अपलोड करना होगा।


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