Vikram Misri का तीन दिन का United States दौरा, व्यापार-तकनीक और रक्षा पर फोकस
नई दिल्ली। भारत और अमेरिका अपने कई क्षेत्रों में व्यपार को बढ़ाने के लिए बातचीत कर रहा है। भारत के विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने अपने तीन दिवसीय अमेरिकी दौरे के दौरान कई उच्चस्तरीय बैठकें की। दोनों देशों ने व्यापार, रक्षा और जरूरी तकनीक के मामले में बातचीत बढ़ाई है। यह बातचीत पेंटागन और भारत के वाणिज्य विभाग के बीच हुई। इसके साथ ही व्यापारिक संबंधों को और मजबूत करने के लिए एक नए डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से आम लोगों तक पहुंचने वाली पहल पर भी चर्चा की गई।
व्यापार फैसिलिटेशन पोर्टल लॉन्च
भारत के विदेश सचिव मिस्री और अमेरिका में भारत के राजदूत विनय क्वात्रा ने मिलकर भारत-अमेरिकी व्यापार फैसिलिटेशन पोर्टल लॉन्च किया। अमेरिका में भारतीय दूतावास ने इसे भारत और अमेरिका के बीच व्यापार की पूरी क्षमता को खोलने की दिशा में एक और कदम बताया। इस पोर्टल का मकसद मिशन 500 का समर्थन करना है, जिसमें एक्सपोर्टर्स के लिए रजिस्ट्रेशन अब खुले हैं। अधिकारियों ने कहा कि इस पहल का मकसद बाजार तक पहुंच को आसान बनाना और वाणिज्यिक जुड़ाव को गहरा करना है। पेंटागन में, मिस्री अमेरिकी युद्ध विभाग में अधिग्रहण और सस्टेनमेंट के अवर सचिव माइक डफी के साथ बातचीत की। भारतीय दूतावास ने कहा, दोनों पक्षों ने पिछले साल हस्ताक्षर किए गए द्विपक्षीय मेजर डिफेंस पार्टनरशिप के फ्रेमवर्क में तय बड़े लक्ष्यों के हिसाब से, भारत और अमेरिका के बीच रक्षा उद्योग, तकनीक और सप्लाई चेन जुड़ाव को और गहरा करने के तरीकों पर चर्चा की।
रक्षा क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए बातचीत
- रक्षा संबधित बातचीत में दोनों देशों के बीच ओद्योगिक सहयोग, तकनीकी आदान-प्रदान और सप्लाई चेन इंटीग्रेशन पर बढ़ते फोकस पर जोर दिया गया।
- वाणिज्य विभाग में मिस्री ने कमर्शियल और जरूरी तकनीक में सहयोग बढ़ाने के लिए अवर सचिव जेफरी केसलर और विलियम किमिट से मुलाकात की।
- विक्रम मिस्री का यह दौरा फरवरी में विदेश मंत्री एस. जयशंकर के वॉशिंगटन दौरे के बाद हो रहा है। यह दोनों देशों के बीच उच्च स्तरीय बातचीत की लगातार रफ्तार का हिस्सा है।
बातचीत दोनों देशों की मजबूती के लिए जरूरी
विदेश मंत्रालय के अनुसार, यह दौरा भारत-अमेरिका द्विपक्षीय संबंधों के पूरे स्पेक्ट्रम की समीक्षा करने और व्यापार, रक्षा, विज्ञान और टेक्नोलॉजी, साथ ही आपसी हित के क्षेत्रीय और वैश्विक विकास सहित प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग को आगे बढ़ाने का मौका देता है। भारत और अमेरिका ने हाल के वर्षों में एक व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी के तहत सहयोग बढ़ाया है। इसमें रक्षा, तकनीक और सप्लाई चेन प्रमुख स्तंभों के रूप में उभरे हैं। द्विपक्षीय व्यापार लगातार बढ़ी है और दोनों पक्ष इसे और बढ़ाने का लक्ष्य बना रहे हैं। नए ट्रेड पोर्टल जैसी पहलों से एक्सपोर्ट को मदद मिलने और आर्थिक एकीकरण को गहरा करने की उम्मीद है।


डिजिटल अरेस्ट के नाम पर ठगी, पत्नी तड़पती रही और पति बेबस
मोहन कैबिनेट की आज अहम बैठक, किसानों से जुड़े बड़े फैसलों पर लग सकती है मुहर
बंगाल में 9 मई को नए CM का शपथ ग्रहण, BJP प्रदेश अध्यक्ष का बड़ा ऐलान
15 साल की मेहनत के बाद पूरा हुआ रघु शर्मा का सपना
“मुझे कॉल करो!” – IShowSpeed ने Virat Kohli को दिया चैलेंज
Mumbai Indians ने Lucknow Super Giants को हराया, लेकिन अंक तालिका में नहीं मिला बड़ा फायदा
छत्तीसगढ़ के छात्रों के लिए सुनहरा मौका, 3 देशों में पढ़ाई के लिए स्कॉलरशिप
दूरदराज क्षेत्रों तक पहुंची स्वास्थ्य सेवा, 57 मोबाइल यूनिट का कमाल
ऑनलाइन आवेदन में सर्वर बाधा से परेशान बोर्ड परीक्षार्थी
मोदी-शाह की मौजूदगी में बिहार कैबिनेट विस्तार, गांधी मैदान रचेगा इतिहास